कई दिन से खबर वायरल है कि उत्तर प्रदेश के करीब 40000 मजदूरों को हर महीने लाखों की सैलरी दी जाएगी। अब आप सोच रहे होंगे कि आखिर यह पूरा मामला क्या है । हम बताते हैं
दरअसल इसराइल और आतंकी संगठन हमास के बीच कई महीनो से युद्ध जारी है ऐसे में वहां की सरकार के पास मजदूरों की कमी पड़ गई है। इजरायल की सरकार ने भारत सरकार से मदद मांगी है। इसके बाद भारत सरकार इजरायल की मदद के लिए करीब 1 लाख मजदूरों को इसराइल भेज रही है इनमें से करीब 40000 यूपी के मजदूर होंगे । भारत सरकार द्वारा यह मजदूर एनएसडीसी (नेशनल स्किल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन इंटरनेशनल) के जरिए भेजे जाएंगे
किसे मिलेगा मौका
मिली जानकारी के अनुसार वहां भेजे जा रहे हैं मजदूरों की आयु सीमा 21 से 45 साल के बीच होनी चाहिए । उन्हें इस फील्ड में काम का एक्सपीरियंस भी होना चाहिए । जहां तक शिक्षा की बात है तो इसके लिए कम से कम दसवीं पास होना जरूरी है । एनएसडीसी इसके लिए श्रमिकों का चयन कर रही है जिसमें उन्हें टेस्ट पास करने होंगे। टेस्ट पास करने के बाद उन्हें इसराइल भेज दिया जाएगा
रहने की व्यवस्था भी करेगी इसराइल सरकार
बता दे कि जिन मजदूरों को इसराइल भेजा जा रहा है उन्हें अच्छी सैलरी के साथ-साथ रहने की व्यवस्था भी इसराइल सरकार द्वारा की जाएगी भारतीय रुपए के हिसाब से देखे तो मजदूरों को करीब 140000 रुपया सैलरी हर महीना दिया जाएगा इन श्रमिकों में कंस्ट्रक्शन से संबंधित मजदूर पेंटर शटरिंग टाइल्स लगाने वाले वेल्डर और इलेक्ट्रीशियन आदि ट्रेड श्रमिक होंगे हालांकि वहां पर इंश्योरेंस और अपने खाने-पीने की व्यवस्था श्रमिकों को खुद करनी होगी





